Mainpuri Bypass Project Update
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Mainpuri Bypass Project Update: 12 गाँवों में जमीन अधिग्रहण शुरू, जानें मुआवजे और विकास का पूरा प्लान, 59.12 करोड़ का बजट

Mainpuri Bypass Project Update 2025 : भाइयों-बहनों, हमारे उत्तर प्रदेश के मैनपुरी जिले में विकास की नई हवा चलने वाली है, क्योंकि भोगांव बाईपास प्रोजेक्ट को Budget Approval मिल चुकी है, जिसमें करीब 60 करोड़ रुपये की राशि लगेगी। ये बाईपास हमारे भोगांव-शिकोहाबाद स्टेट हाईवे पर ट्रैफिक जाम की समस्या को हमेशा के लिए खत्म कर देगा, और पहले फेज में 15 किलोमीटर से ज्यादा लंबी सड़क बनेगी, जो मेरापुर सुजापुर से शुरू होकर इटावा फोरलेन तक जाएगी। इससे न सिर्फ सफर आसान होगा, बल्कि आसपास के गांवों जैसे सिबई भदौरा, टिकसुरी और मंचाना में व्यापार और रोजगार के नए मौके खुलेंगे, जो हमारे लोकल लोगों की जिंदगी को और बेहतर बनाएंगे। ये प्रोजेक्ट हमारे इलाके को Economic Corridor की तरह मजबूत करेगा, जहां शिक्षा, पर्यटन और कारोबार सब फलेंगे-फूलेंगे, और हमारा मैनपुरी पूरे यूपी के नक्शे पर चमकेगा।

अब बात करते हैं इस प्रोजेक्ट को जमीन पर उतारने की, जहां पीडब्ल्यूडी और राजस्व विभाग की टीमें मिलकर काम कर रही हैं, ताकि सब कुछ पारदर्शी और तेजी से हो। भूमि अधिग्रहण के लिए ग्राम सभाओं की वेरिफिकेशन हो चुकी है, और अब किसान भाइयों से लिखित सहमति ली जा रही है, जिसमें सर्कल रेट तय करके सही मुआवजा दिया जाएगा। विशेषज्ञों की टीमों ने सटीक सर्वे और डेमार्केशन शुरू कर दिया है, जिससे कोई विवाद न हो और निर्माण का ब्लूप्रिंट जल्द तैयार हो। ये सब हमारे लोकल प्रशासन का कमाल है, जो सुनिश्चित कर रहा है कि Infrastructure Development बिना रुकावट के आगे बढ़े, और हमारे गांवों के लोग खुशी-खुशी इसमें हिस्सा लें, क्योंकि ये हम सबके बेहतर कल के लिए है।

Mainpuri Bypass Project संपूर्ण जानकारी संक्षिप्त रूप में

कार्यविशेषता
1. परियोजना की स्वीकृति₹59.12 करोड़ का budget स्वीकृत, 12 गाँव शामिल।
2. भूमि का सीमांकनराजस्व और PWD टीमों द्वारा गहन survey किया जा रहा है।
3. संपत्ति का आकलनखेतों में मौजूद ट्यूबवेल, मकान जैसी स्थायी संपत्तियों का मूल्यांकन।
4. मुआवजा वितरणजिलाधिकारी की अध्यक्षता में समिति, पारदर्शी process से दरें तय होंगी।
5. कार्य की प्रगति60% से अधिक सीमांकन पूरा, काम deadline पर करने का लक्ष्य।
6. पर्यावरण संरक्षणडिवाइडर पर 1200 पौधे लगाने का green initiative शुरू।
7. सुरक्षा उपायपौधों को सुरक्षित रखने के लिए डिवाइडर पर लोहे की जाली लगाई जाएगी।
8. अंतिम लक्ष्यक्षेत्र में बेहतर infrastructure का निर्माण और आर्थिक विकास को गति देना।

कैसे हो रहा है जमीन का सीमांकन और निरीक्षण?

भाइयों-बहनों, हमारे मैनपुरी के भोगांव बाईपास प्रोजेक्ट में जमीन का Land Demarcation और निरीक्षण बहुत व्यवस्थित तरीके से हो रहा है, ताकि कोई गलती न हो और किसान भाइयों को पूरा न्याय मिले। राजस्व विभाग के लेखपाल और पीडब्ल्यूडी के इंजीनियर मिलकर खेतों की नाप-जोख कर रहे हैं, गाटा नंबरों का सरकारी रिकॉर्ड से भौतिक सत्यापन कर रहे हैं, और हर तरह के अतिक्रमण की सूची बना रहे हैं। ये टीमें 12 गांवों जैसे भदौरा, सिबई, टिकसुरी और मंचाना में सक्रिय हैं, जहां पहले चरण की 15 किलोमीटर से ज्यादा सड़क के लिए जमीन चिह्नित की जा रही है। इस गहन Physical Verification से विवाद की कोई गुंजाइश नहीं रहेगी, और पूरी प्रक्रिया कानून के दायरे में पारदर्शी तरीके से पूरी होगी, जो हमारे इलाके के विकास को तेज बनाएगी।

Mainpuri Bypass Project Update
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अब इस निरीक्षण का एक खास हिस्सा है स्थायी संपत्तियों का सही आकलन, जिसमें टीमों द्वारा खेतों में लगे ट्यूबवेल, बोरिंग, मकान या अन्य निर्माणों का पूरा ब्योरा लिया जा रहा है। हर Permanent Asset की मौजूदा हालत और कीमत का वैज्ञानिक मूल्यांकन हो रहा है, क्योंकि इसी आधार पर किसानों को उचित मुआवजा मिलेगा, जिसमें सर्कल रेट के हिसाब से चार गुना तक राशि दी जा सकती है। प्रशासन किसानों से लिखित सहमति भी ले रहा है, ताकि सब खुशी-खुशी सहयोग करें और मुआवजे की प्रक्रिया तेजी से पूरी हो। ये सब प्रयास हमारे लोकल किसान भाइयों के हितों की रक्षा कर रहे हैं, और जल्द ही निर्माण शुरू होकर हमारा मैनपुरी नई ऊंचाइयों को छुएगा।

इस निरीक्षण का एक और महत्वपूर्ण पहलू है जमीन पर मौजूद स्थायी संपत्तियों का आकलन। टीमों द्वारा खेतों में लगे ट्यूबवेल, बोरिंग, मकान, और अन्य स्थायी निर्माणों का पूरा ब्योरा दर्ज किया जा रहा है। हर एक asset की मौजूदा स्थिति और उसकी कीमत का मूल्यांकन किया जा रहा है, क्योंकि इसी के आधार पर मुआवजे की राशि तय होगी। यह विस्तृत assessment किसानों को उनकी संपत्ति का सही और उचित मुआवजा दिलाने में मदद करेगा, जिससे उनके हितों की पूरी तरह से रक्षा हो सके।

किसानों को मिलेगा पारदर्शी मुआवजा, जिला स्तरीय समिति का गठन

भाइयों-बहनों, हमारे मैनपुरी के भोगांव बाईपास प्रोजेक्ट में किसान भाइयों के हितों का पूरा ख्याल रखा जा रहा है, क्योंकि प्रशासन का फोकस Transparent Compensation पर है, ताकि किसी को नुकसान न हो। जिलाधिकारी महोदय की अध्यक्षता में जिला स्तरीय समिति का गठन किया जा रहा है, जो मुआवजे की दरें बाजार मूल्य और सर्कल रेट के हिसाब से तय करेगी, जिसमें किसानों को चार गुना तक राशि मिल सकती है। ये समिति प्रभावित 12 गांवों जैसे भदौरा, टिकसुरी, मंचाना और सिबई के किसानों से सीधा संवाद करेगी, ताकि सब संतुष्ट रहें और प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता बनी रहे। ये कदम हमारे लोकल किसानों में विश्वास जगाएगा, क्योंकि विकास के साथ-साथ उनके अधिकारों की रक्षा सबसे ऊपर है, और हमारा मैनपुरी सबके लिए बेहतर बनेगा।

मुख्य अभियंता के अनुसार, सीमांकन और अतिक्रमण की सूची फाइनल होने के बाद मुआवजे का वितरण शुरू होगा, जिसमें अलग से Budget Allocation किया गया है, सिर्फ समय पर सही भुगतान के लिए। प्रशासन ये सुनिश्चित कर रहा है कि ट्यूबवेल, बोरिंग, मकान जैसी संपत्तियों का भी उचित मूल्यांकन हो और मुआवजा निष्पक्ष तरीके से मिले। ये पूरी Fair Process किसानों को मजबूत करेगी, ताकि वे खुशी से सहयोग करें और प्रोजेक्ट बिना देरी के आगे बढ़े। हमारे इलाके का ये विकास परियोजना सबके हित में है, जहां जाम से मुक्ति के साथ रोजगार और समृद्धि के नए दरवाजे खुलेंगे, और हम सब मिलकर गर्व महसूस करेंगे।

Mainpuri Bypass Project की रफ़्तार: 60% से ज्यादा सीमांकन का काम पूरा

भाइयों-बहनों, हमारे मैनपुरी के भोगांव बाईपास प्रोजेक्ट की रफ्तार देखकर दिल खुश हो जाता है, क्योंकि अब ये सिर्फ प्लानिंग में नहीं, बल्कि जमीन पर तेजी से आगे बढ़ रहा है। मेरापुर सूजापुर, सिवाई भदौरा, ब्योंती खुर्द, मंछना और अन्य गांवों में Demarcation Progress 60% से ज्यादा पूरा हो चुका है, जो बताता है कि प्रशासन कितनी गंभीरता से काम कर रहा है। अधिकारी और कर्मचारी दिन-रात मेहनत करके डेडलाइन में काम निपटा रहे हैं, ताकि हमारे इलाके के लोग जल्द से जल्द जाम की समस्या से छुटकारा पाएं। ये Project Status हमारे लोकल विकास की मजबूत नींव रख रहा है, जहां भोगांव से इटावा तक का सफर आसान और तेज हो जाएगा, और हम सबका रोजमर्रा बेहतर बनेगा।

इस तेज रफ्तार से उम्मीद जगी है कि बाईपास का निर्माण कार्य बहुत जल्द शुरू हो जाएगा, जो उन लोगों के लिए बड़ा राहत का संदेश है जो सालों से इसकी राह देख रहे थे। सीमांकन की ये गति पूरे मैनपुरी जिले की ट्रैफिक व्यवस्था को बदल देगी, जहां न सिर्फ भोगांव बल्कि आसपास के गांवों में सफर Safe And Smooth हो जाएगा। प्रशासन की ये मेहनत स्थानीय लोगों के हित में है, जिससे व्यापार बढ़ेगा, रोजगार आएंगे और हमारा इलाका तरक्की की नई राह पर चलेगा। ये प्रोजेक्ट पूरा होने पर हम सब मिलकर गर्व करेंगे, क्योंकि ये हमारी यूपी की प्रगति का जीता-जागता उदाहरण बनेगा।

Mainpuri Bypass Project में सिर्फ सड़क ही नहीं बल्कि हरियाली का पूरा ध्यान

भाइयों-बहनों, हमारे Mainpuri Bypass Project Update में सिर्फ चौड़ी सड़क और तेज सफर ही नहीं, बल्कि हरियाली का भी पूरा ख्याल रखा जा रहा है, जो हमारे पर्यावरण को संभालने की मिसाल बनेगा। प्रशासन की शानदार Green Initiative के तहत फोरलेन बाईपास के डिवाइडर को हरा-भरा किया जाएगा, जहां करीब 1200 छायादार और सुंदर पौधे लगाए जाएंगे, ताकि ये रास्ता देखने में भी मनमोहक लगे। बस स्टैंड से नगला सुखू तक सफाई का काम शुरू हो चुका है, और जल्द ही पौधारोपण अभियान जोर पकड़ेगा, जिससे हमारे इलाके की हवा शुद्ध होगी और गर्मी कम महसूस होगी। ये Plantation Drive हमारे लोकल लोगों के लिए बड़ा तोहफा है, क्योंकि ये न सिर्फ सड़क की शोभा बढ़ाएगा, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए स्वच्छ वातावरण छोड़ेगा, और हमारा मैनपुरी हरा-भरा चमकेगा।

इस हरियाली मिशन में फाकर, बेजोलियम और अशोक जैसे घने छायादार पेड़ लगाए जाएंगे, जो तापमान को काबू में रखेंगे और सड़क को खूबसूरत बनाएंगे। पौधों की हिफाजत के लिए डिवाइडर के दोनों तरफ मजबूत लोहे की जाली लगाई जाएगी, ताकि कोई नुकसान न हो और पेड़ अच्छे से बढ़ें। प्रशासन ने हम लोकल नागरिकों से भी अपील की है कि इस Environmental Balance अभियान में साथ दें, पेड़ों की देखभाल करें, क्योंकि ये हम सबके बेहतर कल के लिए है। ये प्रयास दिखाता है कि विकास के साथ प्रकृति का सम्मान कितना जरूरी है, और जल्द ही हमारा भोगांव बाईपास हरियाली से लबरेज होकर पूरे यूपी की मिसाल बनेगा।

निष्कर्ष (Conclusion)

मैनपुरी का यह फोरलेन बाईपास प्रोजेक्ट सिर्फ एक सड़क परियोजना नहीं, बल्कि इस क्षेत्र के सुनहरे भविष्य का एक मजबूत आधार है। यह infrastructure development मैनपुरी को प्रगति के एक नए युग में ले जाएगा, जहाँ बेहतर कनेक्टिविटी से व्यापार और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि इस विकास को हासिल करने के लिए सरकार ने एक संतुलित और मानवीय दृष्टिकोण अपनाया है, जिसमें किसानों को पारदर्शी मुआवजा देना और पर्यावरण की रक्षा करना सर्वोच्च प्राथमिकता है।

यह प्रोजेक्ट इस बात का प्रमाण है कि जब विकास की योजना बनाई जाती है, तो उसे हर पहलू से मजबूत होना चाहिए। यह long-term vision न केवल आज की जरूरतों को पूरा करेगा, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए भी एक स्थायी और हरित विरासत छोड़ेगा। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन इस महत्वाकांक्षी योजना को कितनी कुशलता से जमीन पर उतारता है और यह मैनपुरी के लोगों के जीवन में कितना सकारात्मक change लाता है।

FAQs

  1. What is the Bhogaon Bypass Project? The Bhogaon Bypass is a four-lane highway bypass project on the Bhogaon-Shikohabad state highway in Mainpuri district, aimed at reducing traffic congestion in the town and improving connectivity.
  2. What is the approved budget for the project? The project has an approved budget of approximately ₹59.12 crore for the initial phase, with additional funds allocated for land acquisition and construction.
  3. How many villages are affected by land acquisition? The project involves land acquisition from 12 villages, including Merapur Sujapur, Sivai Bhadaura, Byonti Khurd, Manchana, and others in the Bhogaon area.
  4. What is the current status of land demarcation? Over 60% of the land demarcation work has been completed in key villages, with joint teams from the Revenue and Public Works Departments actively conducting surveys.
  5. How is compensation determined for affected farmers? Compensation is based on market rates and circle rates (potentially up to four times the standard rate), with a district-level committee chaired by the District Magistrate ensuring transparency and fair assessment.
  6. When will compensation be distributed to farmers? Compensation distribution will begin after finalization of demarcation, encroachment lists, and asset valuation, with a separate budget allocated for timely and fair payments.
  7. Will the bypass include environmental initiatives? Yes, a major green initiative includes planting around 1,200 shade-giving trees on the median divider for environmental balance and aesthetic appeal.
  8. What types of trees will be planted along the bypass? Shade-providing species like Ashok, Peepal (Ficus religiosa), Neem, and others will be planted, with iron fencing on both sides of the divider for protection.
  9. What benefits will the bypass bring to the local area? It will ease traffic jams, improve safety, boost local trade and employment, create an economic corridor, and enhance overall connectivity in Mainpuri district.
  10. When is the construction expected to start? With rapid progress in demarcation and land acquisition, construction work is expected to begin soon after the processes are completed, potentially in the coming months.

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